अब क्या करेगा वॉलमार्ट

नई दिल्ली। वॉलमार्ट इंक के साम्राज्य में सूरज कभी अस्त नहीं होता। पांच महाद्वीपों में फैले स्टोर्स की वजह से वॉलमार्ट पर यह कहावत बिल्कुल सटीक बैठती है लेकिन 10 दिनों के भीतर ही इस कंपनी के सीईओ डग मैकमिलन ने अपने बिजनस साम्राज्य का नक्शा नए सिरे से बनाने की शुरुआत कर दी है। दो हफ्तों से भी कम समय के भीतर वॉलमार्ट ने एक तरफ ब्रिटेन का अपना बिजनस प्रतिद्वंद्वी के हवाले किया तो दूसरी तरफ भारतीय ई कॉमर्स दिग्गज फ्लिपकार्ट को 16 अरब डॉलर में अपना बना लिया। ऐमजॉन को पछाडऩे के क्रम में यह वॉलमार्ट की अबतक की सबसे बड़ी डील है। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक इस डील ने यह दिखाया है कि कैसे अब मैकमिलन का फोकस भारत और चीन के हाई पोटेंशियल बाजार पर है।