कैश की कमी से क्रिकेटर्स भी हैं परेशान

cricketers-notमुंबई। इन दिनों 500 और 1000 रुपये के नोट अमान्य घोषित होने के बाद केवल आम लोग ही पैसे की किल्लत नहीं जूझ रहे बल्कि क्रिकेटर्स भी नोटबंदी से परेशान हैं। बीसीसीआई के लिए तो लोढ़ा पैनल की सिफारिशें न मानने के कारण पहले से ही आर्थिक चुनौतियां बढ़ गईं थीं, क्योंकि सुप्रीम कोर्ट ने लोढ़ा पैनल की सिफारिशें न मानने तक बोर्ड के अकाउंट्स को फ्रीज कर दिया था। इसके बाद से ही बोर्ड दैनिक भत्ते के रूप में इंग्लिश खिलाडिय़ों को रोजाना 50 पाउंड और भारतीय खिलाडिय़ों को रोजाना 100 डॉलर का भुगतान नहीं कर रहा है। हालांकि खिलाडिय़ों को कैश के झंझट से बचाने के लिए भारतीय क्रिकेट बोर्ड अब खिलाडिय़ों को ‘कैश कार्डÓ जारी करने पर विचार कर रहा है। बीसीसीआई सूत्रों ने कहा, ‘हम अपनी टीम के लिए इसकी योजना बना रहे हैं। हम चाहते हैं कि खिलाडिय़ों और अधिकारियों को कार्ड जारी किए जाएं। हम पहले ही कुछ अधिकारियों को यह जारी कर चुके हैं और इसका विस्तार करना चाहते हैं।Ó बोर्ड के एक अधिकारी ने कहा कि बोर्ड खिलाडिय़ों के लिए अब ‘कैश कार्डÓ का इंतजाम करने की कोशिश कर रहा है। ‘कैश कार्डÓ पूर्व भुगतान वाले कार्ड होते हैं, जिन्हें बैंक जारी करता है। इन काड्र्स को वे लोग इस्तेमाल कर सकते हैं, जिनका बैंक के पास खाता नहीं है।