जांच में खुलासा, डेढ़ सौ ग्राम तक टंकी में डाल रहे थे हवा

– पेट्रोल पम्पों की जांच शुरू, कईयों पर मिली भारी अनियमितता
– सेल्स ऑफिसर के साथ रसद विभाग की टीम पहुंची
श्रीगंगानगर। जिले के पेट्रोल पम्पों की जांच आज रसद विभाग ने शुरू कर दी है। इससे पेट्रोल पम्प संचालकों में हड़कम्प मच गया है। कम्पनी के सैल्स मैनेजर वैभव दिनकर के साथ रसद विभाग की टीम ने आज सुबह पदमपुर स्थित फूलचन्द गोयल पेट्रोल की जांच की, जिसमें काफी गड़बडिय़ां पाई गई। पेट्रोल पम्प के कर्मचारियों द्वारा उपभोक्ताओं को लगातार चूना लगाया जा रहा था। पेट्रोल पम्प ड्राइ होने के बाद भी इनके द्वारा जिस किसी भी उपभोक्ता को पेट्रोल डाला जाता तो डेढ़ सौ ग्राम तो टंकी में हवा ही भर दी जाती। इसके बाद उसे तेल मिलता। इस संबंध में एसडीएम पदमपुर को एक उपभोक्ता ने शिकायत की थी कि उक्त पेट्रोल पंप संचालक उपभोक्ताओं के साथ धोखाधड़ी कर रहा है।
सेल्स ऑफिसर वैभव दिनकर ने आज रसद विभाग के प्रवर्तन अधिकारी राकेश सोनी, प्रवर्तन निरीक्षक सुरेश कुमार, राज कंवर को साथ लेकर इस पेट्रोल पम्प का आकस्मिक निरीक्षण किया। यहां पाया गया कि पेट्रोल पम्प के टैंक में निर्धारित पेट्रोल से 101 लीटर पेट्रोल अधिक पाया गया। साथ ही 590 लीटर डीजल कम था। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार टैंक में डैड तेल जो स्टॉक किया जाता है उसको भी कई पेट्रोल पम्प संचालक निकालना शुरू कर देते हैं। ऐसे पेट्रोल पम्प ड्राई पेट्रोल पम्प कहलाते हैं, जिनसे उपभोक्ताओं को तेल नहीं लिया जाना चाहिए, लेकिन फूलचन्द गोयल पेट्रोल पम्प द्वारा लोगों को तेल दिया जा रहा था, जिससे डेढ़ सौ ग्राम तक हवा ही भरी जा रही थी। प्रवर्तन अधिकारी श्री सोनी ने बताया कि पिछले चार पांच दिन से उक्त पेट्रोल पम्प ड्राई है। इसके अलावा स्टॉक रजिस्टर आदि की भी जांच की जा रही है। संबंधित पेट्रोल पम्प संचालक को नोटिस देकर कार्यवाही की जाएगी। श्रीगंगानगर जिले के सभी पेट्रोल पम्पों की जांच की जा रही है।