डिप्रेशन के लिए वरदान हैं ये योगासन

आधुनिक लाइफस्टाइल में लगभग हर कोई तनाव का शिकार है। किसी को ऑफिस की टेंशन है तो किसी को परिवार की। तनाव के चलते लोगों के मस्तिष्क पर खराब असर पड़ता है। साथ ही ये कई बीमारियों का कारण भी बन सकता है, इसलिए तनाव को दूर करने के उपाय करना बहुत जरूरी है। नियमित व्यायाम इसमें आपकी मदद कर सकता है।
एंडोर्फिन नामक हार्मोन का स्राव
नियमित रूप से व्यायाम करने से आप स्वस्थ तो रहते ही हैं, साथ ही व्यायाम चिंता, अवसाद और तनाव को भी कम करता है। शारीरिक रूप से सक्रिय रहने पर खुशी प्रदान करने वाले एंडोर्फिन नामक हार्मोन की मात्रा में वृद्धि होती है, और तनाव हार्मोन कार्टिसोल के स्तर में कमी आती है, जिससे शरीर तनावमुक्त हो जाता है। व्यायाम शरीर के लिए बहुत अच्छा होता है। इसलिए तनाव को दूर करने के लिए आप यहां दिए व्यायाम को अपना सकते हैं।
डीप ब्रीदिंग एक्सरसाइज करें
बहुत ज्यादा तनाव होने पर सांसों का स्तर बहुत बढ़ जाता है, जिससे मांसपेशियों में तनाव, चिंता, सिर में तेज दर्द की शिकायत काफी बढ़ जाती है। ऐसे में अगर कुछ बहुत ही आसान डीप ब्रीदिंग एक्सरसाइज की जाएं, तो शरीर से तनाव को कम किया जा सकता है। इनसे आपके शरीर और दिमाग दोनों को राहत मिलती है।
योग करें
योग भी व्यायाम का एक प्रकार है जो मन को शांत तथा शरीर की प्रक्रिया को मजबूत बनाता है। योग से आप स्वस्थ रहते हैं। भारत ही नहीं विदेशों में भी योग काफी प्रचलित है। योग करने से अधिकांश लोगों को फायदा मिला है। तनाव से राहत के लिए शुरू में सामान्य योग करना चाहिए। योग में कई प्रकार के आसन होते हैं जिनसे शरीर को अलग-अलग प्रकार की गतिविधियां करायी जाती हैं। इसमें सांस को अंदर बाहर किया जाता है।
तनाव वाली मांसपेशियों को आराम
किसी भी प्रकार का वर्क आउट जैसे योग, एरोविक्स या लाइट जिमिंग तनाव से राहत देता है। व्यायाम करने से तनाव वाली मांसपेशियों को आराम मिलता है और आपको अच्छी नींद आती है। जिससे आप तनाव मुक्त रहते हैं। नियमित व्यायाम करने से न केवल हम शरीर से बल्कि दिमाग से भी तंदुरूस्त रहते हैं। इस बारे में दुनियाभर में कई अध्ययन हुए है और अमूमन सबका निष्कर्ष यही है- सेहतमंद शरीर में ही स्वस्थ दिमाग रहता है।
व्यायाम और मानसिक स्वास्थ्य
– व्यायाम से तनाव, अवसाद और उत्तेजना के प्रति संवेदी होने का खतरा कम होता है।
– व्यायाम से पिट्यूटरी ग्लैंड ज्यादा मात्रा में एंडोर्फिन हार्मोन स्रावित करती है जो दर्द निवारक होता है।
– हमारी कुछ नया सीखने और प्रदर्शन करने की क्षमता बढ़ती है।
– दिमागी कोशिकाओं के बीच संतुलन बढ़ता है और पार्किसन जैसी बीमारियों का खतरा कम होता है।
– नियमित व्यायाम से तंत्रिका कोशिकाओं की देखभाल और उन्हें पुनर्निमित करने वाले मस्तिष्क के कार्य में वृद्धि होती है।
– भूलने की बीमारी -डिमेंशिया, अल्जाइमर को रोकने में मदद मिलती है।
– व्यायाम से हमारे दिमाग की कार्यक्षमता तेज होती है जो कि हमारी भावनाओं से जुड़ी यादों को जमा रखने के लिए जिम्मेदार होती है।
– इस तरह से नियमित रूप से व्यायाम मानसिक तनाव को कम करने में आपकी मदद करता है।