दिल्ली एनसीआर में बिल्डर्स 1 लाख सस्ते घर लाने की तैयारी में

नई दिल्ली। सस्ते घर बनाने वाले बिल्डर्स और होम बायर्स के लिए यह बेहतरीन समय है। मौके को भूनाने के लिए बिल्डर्स दिल्ली-एनसीआर में ही करीब 1 लाख अपाट्र्मेंट्स अगले 2 साल में बनाने की कोशिश में हैं। सबको घर उपलब्ध कराने के सरकार वादे के तहत बजट में सस्ते किफायती घरों को इन्फ्रास्ट्रक्चर का स्टेटस दिया गया है। इसके तहत बिल्डर्स को सस्ती दरों पर कर्ज मिल जाएगा। इस मौके का फायदा उठाते हुए बिल्डर्स अगले कुछ सालों में सस्ते घरों के प्रॉजेक्ट्स को तेजी से पूरा करने की कोशिश में लगे हैं। बजट के बाद सरकार ने पहली बार घर खरीदने वालों को ज्यादा सब्सिडी देने का ऐलान किया था। साथ ही सरकार ने आय सीमा को बढ़ा कर 18 लाख रुपए कर दिया है। इसके तहत होम बायर्स को औसतन 2.4 लाख रुपए का फायदा होगा। अफोर्डेबल कैटिगरी के तहत सुपरटेक, सिग्नेचर ग्लोबल, गौरसन्स, रहेजा बिल्डर्स, बीडीआई समेत कई दूसरे बिल्डर्स सस्ते रेजिडेंशियल प्रॉजेक्ट्स लाने का प्लान कर रहे हैं। सुपरटेक अगले कुछ सालों में एनसीआर में 40,000 सस्ते घर लाने की तैयारी में है। सुपरटेक के चैयरमैन आरके अरोड़ा ने बताया कि 2020 तक कंपनी 25,000 घर तैयार कर देगी। सस्ते घर कैटिगरी में दूसरी बड़ी कंपनी सिग्नेचर ग्लोबल का प्लान अगले एक साल में 30,000 अपार्टमेंट्स बनाने का है। कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर प्रदीप अग्रवाल ने बताया कि सिग्नेचर ग्लोबल इस कैटिगरी में 7500 अपार्टमेंट्स लॉन्च कर चुका है और अगले वित्त वर्ष के आखिर तक 20,000 अपार्टमेंट लॉन्च करने को तैयार है। इसी तरह गौरसन और रहेजा बिल्डर्स दिल्ली एनसीआर में 10,000 अपार्टमेंट लॉन्च करने वाला है। कई कंपनियां अपने पुराने हाउसिंग प्रॉजेक्ट्स को अफोर्डेबल हाउसिंग कैटिगरी में शामिल करने के लिए उनका साइज उसी आधार पर रखा रहा है। डेवलपर्स इन फ्लैट्स की कीमत 15 लाख से 35 लाख रुपए तक रखने की दिशा में काम कर रहे हैं। सिग्नेचर ग्लोबल कके एमडी अग्रवाल ने कहा कि बजट में सस्ते घरों के लिए गए प्रावधानों से अफोर्डेबल हाउसिंग के लिए आकर्षक माहौल बन रहा है। इससे बिल्डर्स और बायर्स दोनों को फायदा होगा।