पंजाब में कांग्रेस की सरकार, हमारे किसानों को पानी दिलाओ

– जयपुर में आलाकमान के समक्ष जिले के नेताओं ने उठाई मांग
श्रीगंगानगर। कांग्रेस आलाकमान की ओर से जिलों का फीडबैक लेने के लिए कल जयपुर में पीसीसी कार्यालय में आयोजित बैठक में हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर जिले के वरिष्ठ नेता राज्य प्रभारी अविनाश पांडे और प्रदेशाध्यक्ष सचिन पायलट के रूबरू हुए। दोनों जिलों के नेताओं ने आलाकमान से क्षेत्र के किसानों को पंजाब से पूरा पानी दिलाने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि पंजाब मेंं कांग्रेस की सरकार है। राज्य प्रभारी पांडे और प्रदेशाध्यक्ष पायलट मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह से मिलकर हमारे किसानों को पूरा पानी दिलाएं।
बैठक में प्रभारी पांडे और सचिन पायलट ने दोनों जिलों की राजनीतिक स्थिति के बारे में फीडबैक लिया। उन्होंने कहा कि राजस्थान में कांग्रेस की सरकार बनने की पूरी उम्मीद है। हनुमानगढ़ और गंगानगर के नेता एकजुट हो कर पार्टी को मजबूत करें। भाजपा सरकार जनता की उम्मीदों पर खरा नहीं उतरी है। उस पर तीखी कार्यशैली अपना कर प्रहार करें।
बैठक में पूर्व खान मंत्री हीरालाल इंदौरा, जिलाध्यक्ष संतोष सहारण, प्रदेश कांग्रेस के महामंत्री कुलदीप इंदौरा, पूर्व मंत्री गुरमीत सिंह कुन्नर, पूर्व विधायक गंगाजल मील, पूर्व सभापति जगदीश जांदू, पूर्व यूआईटी अध्यक्ष  राजकुमार गौड़, पूर्व सांसद शंकर पन्नू, भरतराम मेघवाल, जिला प्रभारी मनीष धारणीया, पूर्व जिलाध्यक्ष पृथ्वीपाल संधू, तेजदीप संधू, हरजिन्द्र बराड़, हनुमानगढ़ जिलाध्यक्ष केसी बिश्नोई, पूर्व विधायक डॉ. परम नवदीप ने शिरकत की। उन्होंने जिले की बिजली, पानी की समस्या से अवगत कराया। साथ ही, जिले में कार्यकर्ता प्रशिक्षण लगाने की मांग की। राजकुमार गौड़ ने पंजाब सरकार से बात कर नहरी पानी की समुचित उपलब्धता सुनिश्चित बनाने पर जोर दिया।
स्थानीय मुद्दों पर देंगे जोर
कांग्रेस जिलाध्यक्ष संतोष सहारण और प्रदेश महामंत्री कुलदीप इंदौरा ने बताया कि जिले में पार्टी स्थानीय मुद्दों को प्रखरता से उठाएगी। संगठनात्मक कमजोरियों को दूर किया जाएगा। पार्टी का पुराना गौरव बहाल करने के लिए हर संभव कदम उठाएंगे। निचले स्तर पर पार्टी को मजबूत किया जाएगा।
निष्क्रिय पदाधिकारियों की होगी छुट्टी
बैठक में राज्य प्रभारी ने कांग्रेस के निष्क्रिय पदाधिकारियों की छु_ी करने के लिए कह दिया। उन्होंने दोनों जिलों के निष्क्रिय मंडल अध्यक्षों, बैठकों मेंं नहीं आने वाले पदाधिकारियों की सूचियां तैयार कर प्रदेश मुख्यालय को भिजवाने के लिए कहा।