पशुपालन विभाग ने शुरू किया गौशालाओं का सर्वे

– एकमुश्त मिलेगी नब्बे दिन की सहायता राशि
श्रीगंगानगर (एसबीटी)। गोपालन विभाग ने गौशालाओं का सर्वे कर अनुदान देने के निर्देश दिये हैं। गौशालाओं का सर्वे 10 जनवरी से शुरू किया जा चुका है, जो 20 जनवरी तक चलेगा। गौशालाओं को अनुदान एक मुश्त दिया जायेगा। गोशालाओं में पशुओं की संख्या व क्षमता सर्वे में प्रमुखता से लिया जायेगा। सर्वे में दिसम्बर 2015 या इससे पूर्व की पंजीकृत तथा 200 या अधिक गौवंश का पालन पोषण करने वाली पंजीकृत गौशालाओं को 90 दिन की सहायता राशि एकमुश्त दी जाएगी। गौशालाओं में बड़े पशुओं के लिए 32 रुपये प्रति पशु तथा छोटे पशुओं के लिए 16 रुपये प्रति पशु राशि आवंटित की जायेगी। सर्वे में पात्र गौशालाएं पांच फरवरी तक सहायता राशि के लिए आवेदन कर सकती हैं।
पशु पालन विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ. राजकुमार मिड्ढा ने बताया कि क्षेत्र में अस्सी पंजीकृत गौशालाएं है और सभी गौशालाओं में 80 से 100 पशु रखने की क्षमता है। उन्होंने बताया कि विभाग ने शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में बेसहारा पशुओं का सर्वे करवाया था। सर्वे में शहरी क्षेत्र में 1000-1200 बेसहारा पशु और ग्रामीण क्षेत्र में 700-800 बेसहारा पशु पाये गये। इसकी रिपोर्ट जिला प्रशासन को सौंपी गई है। गौरतलब है कि साप्ताहिक बैठक में जिला कलक्टर ने पशु पालन विभाग को निर्देश दिये थे कि बेसहारा पशुओं को गौशालाओं में रखने के लिए पाबंद किया जाये। ऐसा नहीं करने पर गौशालाओं का अनुदान रोकने व सम्बंधित अधिकारी पर कार्यवाही करने के भी निर्देश दिये थे।
गौसंचालकों को किया था पाबंद
जिला कलक्टर के आदेश मिलने के बाद सभी गौशाला संचालकों को पाबंद किया गया था। गोशाला में पशुओं को रखने की जितनी क्षमता है, उसके अनुसार रखा जा रहा है। सरकार के निर्देशानुसार सर्वे किया जा रहा है। जो रिपोर्ट आयेगी, उसके अनुसार ही अनुदान दिया जायेगा। – डॉ. नरेश गुप्ता, नोडल प्रभारी गोशाला