फोर्टिस अस्पताल पर भी एफआईआर के आदेश

– मंत्री ने जमीन की लीज कैंसल करने के लिए भी कहा
अंबाला। गुरुग्राम के फोर्टिस अस्पताल में 7 साल की बच्ची की मौत के मामले में हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने कई कड़े कदम उठाते हुए जहां अस्पताल पर एफआईआर दर्ज करने और ब्लड बैंक का लाइसैंस कैंसल करने के आदेश दिए हैं। वहीं विज ने हरियाणा अर्बन एथॉरिटी को पत्र लिख कर फोर्टिस अस्पताल की जमीन की लीज कैंसल करने के आदेश दे दिए हैं।
विज ने बताया कि डेंगू एक नोटिफाईएबल डिजीज है। इसके बारे में सरकार को बताना जरूरी होता है जो कि उन्होंने नहीं बताया।
ऐसे में 6 महीने की सजा का प्रावधान है और उसका भी नोटिस दे दिया गया है। विज ने कहा कि गुरुग्राम के फोर्टिस अस्पताल द्वारा सरकार से सस्ते दामों पर जमीन लेते समय एमओयू साइन किया गया था जिसमें ये लिखा गया था कि 20 प्रतिशत बेड गरीब लोगों के लिए रखेंगे जो ये उपलब्ध नहीं करवा रहे।
उल्लेखनीय है कि दिल्ली के द्वारका निवासी जयंत सिंह की सात साल की बेटी आद्या को 27 अगस्त से तेज बुखार था। दूसरे ही दिन उसे रॉकलैंड अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहां दो दिन भर्ती रहने के बाद उन्होंने गुरुग्राम के फोर्टिस अस्पताल में रेफर कर दिया। डॉक्टरों ने बच्ची को अगले दस दिन लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर रखा। 14 सितंबर को बच्ची की मौत हो गई। डॉक्टरों ने आद्या को डेंगू के इलाज के लिए 15 दिन तक फोर्टिस हॉस्पिटल में भर्ती रखा था। हॉस्पिटल ने इसके लिए उन्हें 16 लाख का बिल दिया। इसमें 2700 दस्ताने और 660 सीरिंज भी शामिल थीं।