श्रीगंगानगर जिले में 1.40 लाख वाहनों के रजिस्टे्रशन निरस्त

– पन्द्रह साल पुराने वाहनों पर डीटीओ ने की सख्त कार्रवाई
– अब ऐसे वाहनों को जब्त करेगा परिवहन विभाग
श्रीगंगानगर। परिवहन विभाग ने श्रीगंगानगर जिले में करीब एक लाख 40 हजार वाहनों के पंजीकरण निरस्त कर दिए हैं। इनमें स्कूटर, मोटर साइकिल से लेकर बस और ट्रक तक सभी तरह के वाहन शामिल हैं। जिला परिवहन अधिकारी जुगलकिशोर माथुर ने एक आदेश जारी कर इन वाहनों का पंजीकरण निरस्त किया है।
मोटर व्हीकल एक्ट 1988 की धारा 39 के अंतर्गत प्रत्येक वाहन का रजिस्ट्रेशन करवाना होता है। पंद्रह साल गुजरने के बाद वाहन के रजिस्ट्रेशन का पुन: पंजीकरण करवाना होता है। वाहन मालिक ऐसा नहीं करता है तो माना जाता है कि वह मोटर व्हीकल एक्ट की अवहेलना कर रहा है। जिले में 31 मार्च 2001 तक पंजीकृत ऐसे करीब एक लाख 44 हजार वाहनों को चिन्हित किया गया था, जिन्होंने नियमानुसार पुन: पंजीकरण नहीं करवाया। ऐसे वाहनों के मालिकों को वाहनों का पुन: पंजीकरण करवाने के लिए कहा गया था लेकिन उन्होंने रुचि नहीं दिखाई।
इस पर इन वाहनों के पंजीकरण जून-जुलाई 2017 में निलंबित कर दिए गए। साथ ही संबंधित वाहन मालिकों को 31 दिसम्बर 2017 तक पुन: पंजीकरण करवाने के लिए कहा गया। इनमें से मात्र चार हजार वाहन मालिकों ने ही अपने वाहनों के पंजीयन करवाए। शेष एक लाख 40 हजार वाहनों का पंजीकरण लगातार छह महीने की अवधि तक निलंबित रहा। इससे परिवहन विभाग के पास यह मानने का पर्याप्त आधार बन गया कि निलंबित पंजीकरण वाले वाहनों (जिनका पंजीकरण करवा लिया गया, उन्हें छोड़कर) का अस्तित्व नहीं रहा है। इस आधार पर जिला परिवहन अधिकारी ने इन वाहनों का पंजीकरण रद्द कर दिया। अब परिवहन विभाग ऐसे वाहनों को जब्त करेगा।
इसलिए हुई कार्रवाई
गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने बिगड़ते पर्यावरण पर चिंता जताते हुए 15 साल पुराने वाहनों का संचालन रोकने के आदेश जारी किए थे। इसकी पालना में सरकार ने वर्ष 2015 में 15 साल पुराने वाहनों का संचालन रोकने के निर्देश दिए। हालांकि कुछ समय बाद सरकार ने इन पुराने वाहनों को चलाने के लिए रजिस्ट्रेशन रिन्यू करवाने के लिए 31 दिसंबर तक का समय दिया था लेकिन इस बढी हुई अवधि का भी 15 साल पुराने वाहनों के मालिकों ने वाहनों का रजिस्ट्रेशन कराने में खास रुचि नहीं दिखाई।
इन वाहनों का पंजीकरण निरस्त
जिले में आरजेके, आरआरसी, आरएसके, आरएनके, आरआरके, आरएनके, आरसीसी सीरीज के सभी वाहनों का पंजीकरण निरस्त कर दिया गया है। इसके अलावा आरजे 31 टी सीरीज के वाहन संख्या एक से लेकर 0048 नंबर तक, आरजे 13 पी सीरीज के वाहन संख्या एक से लेकर 2285 तथा आरजे 13 जी सीरीज के वाहन संख्या एक से लेकर 6188 तक के वाहनों का पंजीकरण भी निरस्त कर दिया गया है।
इनका कहना है
पन्द्रह साल पुराने वाहनों के मालिकों को 31 दिसम्बर 2017 तक पुन: पंजीकरण करवाने का मौका दिया गया था। जिन्होंने पुन: पंजीकरण नहीं करवाया गया, उनके वाहनों का पंजीकरण नियमानुसार निरस्त किया गया है।
-जुगलकिशोर माथुर, जिला परिवहन अधिकारी, श्रीगंगानगर।