6.25 क्विंटल पॉलीथिन जब्त

– साधुवाली छावनी के लिए मंगवाई गई थी
श्रीगंगानगर। मिलिट्री स्टेशन साधुवाली को सामान को आपूर्ति करने वाले ठेकेदार के द्वारा बाहर से मंगवाई गई सवा 6 क्विंटल पॉलीथिन थैलियां बुधवार को नगरपरिषद के उडऩदस्ते ने जब्त कर लीं। यह कार्यवाही उस समय की गई जब थैलियों से भरे 25 कट्टे एक टैम्पो में लादकर साधुवाली ले जाये जा रहे थे। सूचना मिलते ही उडऩदस्ते ने महाराजा गंगासिंह चौक के पास टैम्पो रुकवाकर थैलियां जब्त कर ली। उडऩदस्ता प्रभारी नरेश झोरड़ ने बताया कि गंगासिंह चौक के पास वाले अण्डरब्रिज से एक टैम्पो में पॉलीथिन थैलियों की खेप ले जाये जाने की सूचना मिली थी। इस सूचना पर उडऩदस्ता सदस्य सीएसआई देवेन्द्र सिंह के साथ मौके पर पहुुंचे और टैम्पो रुकवाकर उसमें रखे कट्टों की जांच की गई। कट्टों में पॉलीथिन थैलियां पाये जाने पर उन्हें जब्त कर अग्निशमन विभाग परिसर में ले आये। उन्होंने बताया कि जब्त की गई थैलियां नॉन आईएसआई एवं 50 एमएम से पतली हैं, जिन पर सरकार ने रोक लगा रखी है। थैलियां जब्त किये जाने की कार्रवाई के दौरान ही ठेकेदार का कारिंदा मौके से फरार हो गया।
नहीं चली सिफारिश: मिलिट्री स्टेशन के लिए मंगवाई गई पॉलीथिन थैलियां छोडऩे के लिए स्वास्थ्य अधिकारी के पास कईं बड़े लोगों के फोन भी आये। फोन करने वालों में आबकारी विभाग का जयसिंह राठौड़ भी शामिल था। राठौड़ ने यह थैलियां मिलिट्री स्टेशन में बने क्वार्टरों से कचरा एकत्र करने के लिए मंगवाये जाने का दावा किया। ठेकेदार के कारिंदे ने भी एचओ को यही बताया कि यह थैलियां रोज सुबह क्वार्टरों में कचरा इकट्ठा करने के लिए वितरित की जाती हैं। एचओ ने जयसिंह राठौड को पॉलीथिन थैली आईएसआई मार्का नहीं होने और 50 एमएम से कम होने के कारण छोडऩे से इंकार कर दिया। इसके बाद जयसिंह ने मोबाइल फोन पर ही ठेकेदार के कारिंदे को वहां से भाग जाने के लिए कह दिया।